ऑनलाइन ज्योतिष सेवा होने से तत्काल सेवा मिलेगी -ज्योतिषी झा मेरठ

ऑनलाइन ज्योतिष सेवा होने से तत्काल सेवा मिलेगी -ज्योतिषी झा मेरठ
ऑनलाइन ज्योतिष सेवा होने से तत्काल सेवा मिलेगी -ज्योतिषी झा मेरठ 1 -कुण्डली मिलान का शुल्क 2200 सौ रूपये हैं | 2--हमसे बातचीत [परामर्श ] शुल्क है पांच सौ रूपये हैं | 3 -जन्म कुण्डली की जानकारी मौखिक और लिखित लेना चाहते हैं -तो शुल्क एग्ग्यारह सौ रूपये हैं | 4 -सम्पूर्ण जीवन का फलादेश लिखित चाहते हैं तो यह आपके घर तक पंहुचेगा शुल्क 11000 हैं | 5 -विदेशों में रहने वाले व्यक्ति ज्योतिष की किसी भी प्रकार की जानकारी करना चाहेगें तो शुल्क-2200 सौ हैं |, --6--- आजीवन सदसयता शुल्क -एक लाख रूपये | -- नाम -के एल झा ,स्टेट बैंक मेरठ, आई एफ एस सी कोड-SBIN0002321,A/c- -2000 5973259 पर हमें प्राप्त हो सकता है । आप हमें गूगल पे, पे फ़ोन ,भीम पे,पेटीएम पर भी धन भेज सकते हैं - 9897701636 इस नंबर पर |-- ॐ आपका - ज्योतिषी झा मेरठ, झंझारपुर और मुम्बई----ज्योतिष और कर्मकांड की अनन्त बातों को पढ़ने हेतु या सुनने के लिए प्रस्तुत लिंक पर पधारें -https://www.facebook.com/Astrologerjhameerut

शनिवार, 27 दिसंबर 2025

आत्मकथा सम्पूर्णम - पढ़ें -भाग -128 - ज्योतिषी झा मेरठ

 दोस्तों --आत्मकथा की शुरुआत -2017 में की थी -इसका अभिप्राय था -क्या जो हम उपदेश देते हैं -वो हम खुद निभाते हैं या नहीं | हमने अपनी कुण्डली से सभी बातों पर प्रकाश डालने की कोशिश की | हमने जो पढ़ा या सुना पहले उन बातों को लिखने का प्रयास किया | इसके बाद मुझे लगा -लोग दोषारोपण ज्यादा करते हैं --2010 में मेरा केवल एक ही उद्देश्य था -ज्योतिष और कर्मकाण्ड सम्बंधित सभी बातों को लिखें -इससे लिखना सिख जाऊंगा --क्योंकि जीवन भर केवल याद करना सिखाया -बड़े -बड़े ग्रंथों के मन्त्रों को याद  तो किये पर उसका भाव नहीं समझे न ही बोलने या लिखने की शुद्धःता थी | जब हम रेडियो स्टेशन गए तब अहसास हुआ --मैं एक अधूरा शास्त्री हूँ | दूसरी बात बड़े -बड़े यज्ञों को कराया --पर यह नहीं पता चला हम शुद्ध बोल रहे हैं या अशुद्ध --अतः हमने नेट की दुनिया में इन दोनों चीजों को सीखने की बहुत कोशिश की --इसके लिए ब्लॉक पर आलेख लिखते रहे --फ्री ज्योतिष सेवा देते रहे ---हमें थोड़ -बहुत  जो कुछ भी आया वो लोगों की देन है | जब इन दोनों क्षेत्रों में अनुभव हो गया तो --हम सोचने लगे अब क्या लिखें --तो जीवनी समझ में आयी | इस जीवनी को भी लिखने में बहुत समय लग गया | --अब मेरे पास कुछ नहीं है  जो कुछ था वो लिख चूका हूँ | अंत में यह कहना चाहते हैं --जिस प्रकार हर चीज का अंत होता है --उसी प्रकार शिष्य के आगे गुरु अधूरा हो जाते हैं ,पुत्र या पुत्री के आगे माता पिता अधूरा हो जाते हैं | साथ ही सभी माता पिता को चाहिए --संतान के आगे अपने को छोटा बना लें ,गुरुजनों को भी चाहिए -शिष्यों में इतना ज्ञान डाल  दें कि उनका ज्ञान शिष्यों के आगे अधूरा रहे ----संसार यही बात नहीं होती है --इसकी वजह से गुरु शिष्यों में  संतान से माता पिता के विचारों में मतभिन्नता रहती है | हमने आत्मकथा से यह अनुभव किया -मेरा ज्ञान सीमित था जो लिख चूका या कह चूका --अतः अगली जो पीढ़ी है --वो हमसे उत्तम रहेगी , उत्तम है | जीवन में सबका सम्मान तभी हो सकता है --जब व्यक्ति अपने आपको छोटा बना लें | जब नेट की दुनिया में 2 जी ,से 3 जी से 4 जी और अब --5 जी -----5 जी के आगे सभी छोटे हो गए ---इसी प्रकार --किसी से हम बढ़िया रहे कोई हमसे भी बढ़िया है --अतः -जब मुझ जैसा अज्ञानी व्यक्ति कुछ कर सकता है --तो आज के समय सभी हमसे बढ़िया संसाधन युक्त हैं --तो तो निश्चित ही हमसे बढ़िया होंगें | आज मुझे गर्व है --हमारी जो नई पीढ़ी आयी है --वो ज्योतिष और कर्मकाण्ड को हमसे बेहतर बनायेंगें --उनको मेरा आशीष है |  जो ज्योतिष के अलीख हमने लिखें हैं  वो इस तरह काम आयेंगें --जैसे कक्षा में किताबों को पढ़ते हैं --पर अपने मत से आगे बढ़ते हैं | मेरे विचार से सभी किताबों को पढ़नी चाहिए --जो अच्छा लगे उसे स्वीकार करना चाहिए -किन्तु --परन्तु नहीं करना चाहिए | अंत में एक ही निवेदन है --जितनी देर किसी की कमी निकालने में समय व्यतीत करेंगें उतनी देर में कुछ और खोज कर लेंगें --यही ज्ञानी जनों को सोचना चाहिए |  मुझे कईबार कई व्यक्ति से शत्रुता हुई -मन में कईबार यह आया -इसे नष्ट कर दूँ उन मन्त्रों के द्वारा --किन्तु  फिर मन में यह बात आयी उतनी देर में आगे बढ़ने के उपाय सोचना चाहिए --अतः समय तो बराबर लगता है --हानि या लाभ पहुंचाने में तो --वैर भाव ख़त्म करके लाभ की ओर क्यों न बढ़ें | ॐ |  आत्मकथा 


----ॐ श्रीगुरु चरण कमलेभ्यो नमः 

भवदीय -श्री कन्हैयालाल झा शास्त्री { खगोलशास्त्री }

पता किशनपुरी धर्मशाला देहली गेट मेरठ 

खगोलशास्त्री ज्योतिषी झा मेरठ

नूतन संवत -2083 -यानि -2026 +27 -भविष्यवाणी -पढ़ें -खगोलशास्त्री ज्योतिषी झा मेरठ

ॐ संवत -2083 का आगमन चैत्र शुक्ल प्रतिपदा अर्थात -दिनांक -19 /03 /2026 को मीन राशि के चंद्र और उत्तर भाद्रपदा  नक्षत्र में होगा |  नव वर्ष प...